बनासकांठा । बनासकांठा के बादरपुरा में आयोजित बनास डेयरी की 57वीं वार्षिक साधारण सभा में चेयरमैन शंकरभाई चौधरी ने पशुपालकों के लिए रु. 2909.8 करोड़ के ऐतिहासिक मूल्य अंतर की घोषणा की, जिसमें रु. 2131.68 करोड़ संघ और रु. 778.12 करोड़ जिला दूध मंडलियों का हिस्सा है। इस घोषणा ने पशुपालकों में दीवाली जैसा उत्साह जगाया। चेयरमैन ने कहा कि बनास डेयरी का मॉडल देश में पहचान बना चुका है, जिसका वार्षिक टर्नओवर 21 हजार करोड़ रुपये से अधिक है। डेयरी ने दूध के साथ अन्य व्यवसाय शुरू कर पशुपालकों की समृद्धि सुनिश्चित की। भीलडी में गायों के संवर्धन के लिए बड़ा केंद्र बनेगा, और सनादर में 150 मीट्रिक टन क्षमता का भारत का सबसे बड़ा पाउडर प्लांट स्थापित होगा। बनास डेयरी ने जीपीएस ट्रैकिंग, 1.70 लाख महिला पशुपालकों के बैंक खाते, और 935 महिला कर्मचारियों की भर्ती जैसे कदम उठाए। डेयरी का कर्ज 2000 करोड़ से घटकर 610 करोड़ रह गया है। पशुपालकों को प्रति 100 रुपये में 82.10 रुपये का भुगतान किया जाता है। सभा में प्रधानमंत्री को धन्यवाद प्रस्ताव पारित हुआ। पशुपालक महिलाओं ने मूल्य वृद्धि के लिए चेयरमैन और निदेशक मंडल को बधाई दी। सर्वाधिक दूध देने वाली महिलाओं को सम्मानित किया गया।

