अहमदाबाद । अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। गाजा के पीड़ित नागरिकों की मदद करने के बहाने लोगों से फंड इकट्ठा कर धोखाधड़ी करने के आरोप में तीन और सीरियाई नागरिकों को गिरफ्तार किया गया है। ये तीनों नागरिक पहले पकड़े गए एक सीरियाई नागरिक के साथी थे और उसकी गिरफ्तारी के बाद फरार हो गए थे। क्राइम ब्रांच ने टेक्निकल सर्विलांस और गुप्त सूचना के आधार पर उनकी लोकेशन ट्रैक की और उन्हें दिल्ली एयरपोर्ट से पकड़ लिया। उनके पास से तीन लाख रुपये से अधिक की नकदी भी मिली है, जो इस धोखाधड़ी के बड़े पैमाने पर होने का संकेत देती है। इन आरोपियों का धोखाधड़ी करने का तरीका (मॉडस ऑपरेंडी) काफी चौंकाने वाला था। वे गाजा में चल रहे संघर्ष का फायदा उठाकर पीड़ितों की मदद के बहाने आम नागरिकों और धर्मार्थ संगठनों से पैसे इकट्ठा करते थे। प्राथमिक जांच में यह पता चला है कि इन पैसों का इस्तेमाल पीड़ितों की मदद के लिए करने के बजाय, वे इसे अपने निजी लाभ के लिए उपयोग करते थे। इस तरह, वे लोगों की भावनाओं का दुरुपयोग करके उनके विश्वास को तोड़ते थे। पुलिस ने इस मामले में आगे की जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या इस रैकेट में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल है। इस गिरफ्तारी के बाद, पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस को उम्मीद है कि इस गिरफ्तारी से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चल रही ऐसी धोखाधड़ी गतिविधियों पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी। इस घटना ने इस बात पर जोर दिया है कि जब भी किसी संस्था या व्यक्ति को दान दिया जाए, तो उसकी प्रामाणिकता और पारदर्शिता की जांच करना बेहद जरूरी है। यह मामला समाज में ऐसी धोखाधड़ी के खिलाफ जागरूकता फैलाने में भी मददगार साबित होगा।

