नई दिल्ली
NEET-UG पेपर लीक केस में पुणे से गिरफ्तार फिजिक्ट टीचर पर आरोप है कि उसने कुछ छात्रों के साथ पैसों के बदले परीक्षा से जुड़े सवाल और कंटेंट शेयर किया। CBI ने पुणे कोर्ट को यह जानकारी दी थी। बाद में मनीषा को दिल्ली की राऊज एवेन्यू कोर्ट में लाया गया।
स्पेशल जज अजय गुप्ता ने उन्हें छह दिन की CBI की कस्टडी में भेज दिया है। CBI ने पूछताछ और बाकी आरोपियों से आमना-सामना कराने के लिए मनीषा की कस्टडी मांगी थी। CBI ने हवलदार को 22 मई को गिरफ्तार किया था।दरअसल, सेठ हीरालाल सराफ प्रशाला की प्रिंसिपल हवलदार, NEET UG-2026 के लिए फिजिक्स की एम्पेनल्ड ट्रांसलेटर के तौर पर काम कर रही थीं। मनीषा ने बाकी आरोपियों के साथ मिलकर फिजिक्स के उन सवालों को सर्कुलेट किया था जो ट्रांसलेशन के लिए आए थे।CBI का दावा है कि उसे अब तक की जांच में पेपर लीक के असली सोर्स का पता चल गया है, लेकिन CBI ने इसका खुलासा नहीं किया है।मनीषा, 1992 से संस्थान में फिजिक्स की लेक्चरर थीं। उनके पास MSc, BEd की डिग्री है। वह 30 जून को रिटायर होने वाली हैं।3 मई को हुए NEET एग्जाम के बाद इसके पेपर लीक होने की खबर सामने आई। इस केस में दिल्ली, जयपुर, गुरुग्राम, नासिक, पुणे, लातूर और अहिल्यानगर से 11 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं।

